हेलो दोस्तों कैसे हैं आप!  दोस्तों आज के इस पोस्ट में मैं आपके लिए लेकर आया हूँ। दालचीनी के फायदे, दालचीनी खाने के लाभ, और दालचीनी के औषधीय गुण आदि के बारे में जानकारी ।  इसके अलावा इस आर्टिकल में दालचीनी से होने वाले नुकसान के बारे में भी आप जानेंगे।  इससे पिछले आर्टिकल मेंं मैने आंंवला के लाभ और आंंवले से होने वाले फायदे के बारे मेंं बताया था। अगर आपने वह आर्टिकल नहीं पड़ा तो जरूर पढ़ ले।


दालचीनी के फायदे | दालचीनी खाने के फायदे एवं घरेलू उपचार

दालचीनी भूखवर्धक, भोजन पचाने वाली, वातजन्य विकार दूर करने वाली, यकृत को उत्तेजित करने वाली, पित्त का शमन करने वाली, दर्द का नाश करने वाली, तथा मुख का शोधन करने वाली है। दालचीनी मुख की दुर्गंध दूर करती है। आवाज को साफ करती है। दालचीनी हृदय को उत्तेजित करने वाली है।यह अफरा, अतिसार, पेचिश, संग्रहणी तथा वमन का नाश करती है। दालचीनी वायु, कप विष का नाश करती है। रंगत निखारती है। खुजली तथा कुष्ठ रोग को भी मिटाती है।


1. दालचीनी के 5 पत्तों को पीसकर मंजन करने से दांत चमकीले हो जाते हैं दंत शूल में भी लाभ होता है।

 

2. दालचीनी का तेल आंखों के ऊपर लगाने से आंखों का फड़कना बंद हो जाता है, इसके साथ ही आंखों की ज्योति भी बढ़तीन है।

 

3. एक चम्मच दालचीनी के पत्ते का पाउडर, दो चम्मच शहद के साथ सुबह-शाम सेवन करने से खांसी में आराम मिल जाता है।

 

4. प्रसव वेदना में मांसपेशियों की शिथिलता घटाने के लिए 5 से 10 ग्राम दालचीनी का प्रयोग 1 ग्राम पीपरामूल और 500 मिलीग्राम भांग के साथ करने से लाभ होता है।

 

5. तेजपात के 8 से 10 पत्तों को पीसकर बनाए गए लेप को कपाल पर लगाने से ठंड या गर्मी से उत्पन्न सिर दर्द ठीक हो जाता है। आराम मिल जाने पर लेप को ताजा पानी से धो कर हटा दें।

 

6. संधि जोड़ के दर्द या संधिवात में दालचीनी का 10 ग्राम पाउडर और 20 ग्राम शहद मिलाकर पेस्ट बनाकर धीरे-धीरे मालिश करने से लाभ होता है। इसके साथ-साथ एक कप गुनगुने पानी में एक चम्मच शहद और दालचीनी का 2 ग्राम पाउडर मिलाकर सुबह-दोपहर-शाम सेवन करने से लाभ होता है।

 

7. दालचीनी के काढ़े से रक्त स्राव बंद हो जाता है। फेफड़ों में रक्त स्राव हो, गर्भस्राव हो या अन्य किसी भी तरह के दूसरे रक्त स्राव में भी दालचीनी का काढ़ा 10-20 ग्राम सुबह-दोपहर-शाम पीने से लाभ होता है।

 

8. शरीर के किसी भी अंग से रक्त स्राव होने पर एक चम्मच तेजपत का पाउडर एक कप पानी के साथ दिन में 2 बार सेवन करने से रोग में लाभ होता है।

 

9. एक कप पानी में दो चम्मच शहद तथा तीन चम्मच दालचीनी पाउडर मिलाकर प्रतिदिन तीन बार सेवन करने से रक्त में कोलेस्ट्रॉल की मात्रा कम हो जाती है।

 

10. एक चम्मच शहद में 5 ग्राम दालचीनी पाउडर मिलाकर दिन में तीन बार चाटने से उदर रोग, दस्त, ग्रहणी रोग तथा अफरे में लाभ होता है।

 

11. 750 मिलीग्राम दालचीनी का पाउडर, 750 मिलीग्राम कत्था का पाउडर मिलाकर पानी के साथ दिन में 3 बार फांकने से दस्त बंद हो जाते हैं।

 

12. ठंड के साथ आने वाले संक्रामक ज्वर में एक चम्मच शहद तथा 5 ग्राम दालचीनी का पाउडर मिलाकर सुबह दोपहर शाम सेवन करने से शीघ्र ही लाभ होता है।

 

13. 500 मिलीग्राम इलायची पाउडर, 500 मिलीग्राम दालचीनी का पाउडर, 500 मिलीग्राम सोंठ पाउडर, - इन तीनों को मिलाकर भोजन से पहले सुबह-शाम लेने से भूख बढ़ती है और कब्ज का नाश होता है।

 

14. 4 ग्राम दालचीनी,, 10 ग्राम कत्था मिलाकर पाउडर बना लें इसमें 250 ग्राम उबला हुआ पानी डालकर ढक दें 2 घंटे बाद इसको छान कर दो हिस्से कर के पी लें इससे दस्त बंद हो जाते हैं।

 

15. दालचीनी चमररोग में भी लाभकारी है।  अगर किन्ह व्यक्ति को खाज-खुजली है तो दालचीनी को शहद के साथ मिलाकर खाज-खुजली वाले स्थान लागाऐं।

 

16. बहरेपन में दालचीनी के तेल को कान में 2-2 बूंद डालने से लाभ होता है।

 

दालचीनी के नुकसान  

जिस तरह हर सिक्के के दो पहलू होते हैं। उसी तरह दालचीनी के फायदे के साथ साथ इसके कुछ नुकसान भी हैं। इसलिए दालचीनी का सेवन अधिक मात्रा में नहीं करना चाहिए। क्योंकि यह गर्म प्रवृत्ति का होता है। गर्मी के दिनों में इसका सेवन कम करना चाहिए। इसके अलावा 

  1. दालचीनी का अधिक मात्रा में सेवन करने से गर्म प्रकृति वालों को सिर दर्द हो जाता है।
  2. गर्भवती स्त्रियों के लिए दालचीनी वर्जित है क्योंकि इससे गर्भपात हो जाता है।
  3. गर्भाशय में भी इसको रखने से गर्भ गिर जाता है।


तो दोस्तों आशा करता हूँ कि आज का आर्टिकल "दालचीनी के फायदे" आपको पसंद आया होगा। नीचे आपको एक विडियो भी दिया है। उसेे भी देख लीजिये। और इस आर्टिकल को शेयर जरूर कीजियेगा और आपने हमारे घरेलू उपचार के अजवायन के फायदे और अलसी के फायदे वाला आर्टिकल नहीं पढा तो उसे भी जरूर पढें लें।